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नए आबकारी नियम: हिमाचल में शराब परोसने के लिए लाइसेंस के नियम बदले! अब अलग-अलग क्षेत्रों के लिए अलग-अलग लाइसेंस फीस

नए आबकारी नियम: हिमाचल में शराब परोसने के लिए लाइसेंस के नियम बदले! अब अलग-अलग क्षेत्रों के लिए अलग-अलग लाइसेंस फीस

नए आबकारी नियम: हिमाचल में शराब परोसने के लिए लाइसेंस के नियम बदले! अब अलग-अलग क्षेत्रों के लिए अलग-अलग लाइसेंस फीस
नए आबकारी नियम: हिमाचल में शराब परोसने के लिए लाइसेंस के नियम बदले! अब अलग-अलग क्षेत्रों के लिए अलग-अलग लाइसेंस फीस

नए आबकारी नियम: हिमाचल में शराब परोसने के लिए लाइसेंस के नियम बदले! अब अलग-अलग क्षेत्रों के लिए अलग-अलग लाइसेंस फीस

नए आबकारी नियम: आबकारी और कराधान विभाग ने अपने नियमों में बदलाव किए हैं। अब विभाग ने शहरी, सामान्य और आदिवासी क्षेत्रों को विभाजित किया है।

नए आबकारी नियम: हिमाचल में शराब परोसने के लिए लाइसेंस के नियम बदले! अब अलग-अलग क्षेत्रों के लिए अलग-अलग लाइसेंस फीस

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होटलों में चलने वाले बारों को शराब सर्व करने के लिए उन्हें लाइसेंस की बड़ी राशि चुकानी होगी। अब, बिना ब्रांड पंजीकरण के घरेलू या विदेशी शराब नहीं बेची जा सकेगी।

JPREC-June
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इसके लिए विभाग से पंजीकरण संख्या प्राप्त करने की आवश्यकता होगी। पंजीकरण के लिए 65 हजार और प्रति ब्रांड 2 हजार रुपये की फीस लगेगी।

इसके अतिरिक्त, वार्षिक फीस भी तय की गई है। विदेशी शराब, बीयर और वाइन के लिए एल-1 के अंतर्गत 35 लाख रुपये और विदेशी शराब की स्टोरेज के लिए एल-1ए के अंतर्गत दो लाख रुपये की लाइसेंस फीस निर्धारित की गई है।

एल-1 और एल-2 बार लाइसेंस धारकों को वार्षिक छह लाख रुपये की फीस देनी होगी।ईआईओ आयातित ब्रांडों के लिए 15 लाख रुपए की फीस निर्धारित की गई है।

Mehar Electrical
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विभाग ने एल-2ए लाइसेंस के जरिए अहाता चलाने की अनुमति दी है। इसके लिए पंजीकरण फीस के रूप में 40 हजार रुपये निर्धारित किए गए हैं। होटल में बार चलाने के लिए 7 से 25 कमरों के लिए 1.25 लाख रुपये, 26 से 50 कमरों के लिए 2 लाख रुपये, 51 से 75 कमरों के लिए 3.5 लाख रुपये और 76 या अधिक कमरों के लिए 8 लाख रुपये की फीस निर्धारित की गई है।

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चार सितारा होटल में बार चलाने के लिए 8 लाख रुपये और पांच सितारा होटल में 10 लाख रुपये की फीस चुकानी होगी। आदिवासी क्षेत्रों में, 7 से 25 कमरों वाले होटलों को 50 हजार, 26 से 50 कमरों वाले होटलों को 75 हजार और 51 से अधिक कमरों वाले होटलों को 1 लाख रुपये की लाइसेंस फीस चुकानी होगी।

शिमला क्षेत्र के अंतर्गत एल-4 और एल-5 के लिए शिमला शहर, कुसुम्पटी, न्यू शिमला, खलीणी, विकासनगर सहित नेशनल हाईवे पर परवाणू से कुफरी तक, लाइसेंस फीस 3.3 लाख रुपये तय की गई है।

वहीं, किन्नौर और लाहौल-स्पीति, पालमपुर, डलहौजी, चायल और कसौली सहित सभी अन्य जिला मुख्यालयों के लिए फीस 2.4 लाख रुपये निर्धारित की गई है।

अन्य क्षेत्रों में लाइसेंस फीस 2.1 लाख रुपये रहेगी। एल-4ए और एल-5ए के लिए, शिमला सहित परवाणू से कुफरी तक की फीस 1.8 लाख रुपये तय की गई है।

घरामोड़ा बिलासपुर से कोठी कुल्लू में फीस 2.6 लाख रुपये और सभी जिला मुख्यालयों में फीस 2.3 लाख रुपये निर्धारित की गई है। यह सभी संशोधन आबकारी एवं कराधान विभाग के राज्य आयुक्त युनुस की अधिसूचना के अनुसार किए गए हैं।

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Written by newsghat

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