Asha Hospital
in

पांवटा साहिब : पिता के 80वें जन्मदिन पर 111 बेटियों के चेहरे पर मुस्कान! प्रदीप चौहान ने पेश की समाज सेवा की मिसाल

पांवटा साहिब : पिता के 80वें जन्मदिन पर 111 बेटियों के चेहरे पर मुस्कान! प्रदीप चौहान ने पेश की समाज सेवा की मिसाल

पांवटा साहिब : पिता के 80वें जन्मदिन पर 111 बेटियों के चेहरे पर मुस्कान! प्रदीप चौहान ने पेश की समाज सेवा की मिसाल

पांवटा साहिब : पिता के 80वें जन्मदिन पर 111 बेटियों के चेहरे पर मुस्कान! प्रदीप चौहान ने पेश की समाज सेवा की मिसाल

पांवटा साहिब :खुशियां जब समाज से जुड़ जाएं, तो उनका महत्व और बढ़ जाता है। पांवटा साहिब क्षेत्र में समाज सेवा के लिए पहचाने जाने वाले प्रदीप चौहान ने एक बार फिर ऐसा ही उदाहरण पेश किया है। उन्होंने अपने पिता के 80वें जन्मदिन को यादगार बनाते हुए शिक्षा और संवेदनशीलता का संदेश दिया।

Shri Ram

पिता के जन्मदिन के अवसर पर प्रदीप चौहान ने अपनी पंचायत के सरकारी स्कूल में अध्ययनरत 111 कन्याओं को कॉपी और पेंसिल वितरित की। इस पहल का उद्देश्य बालिकाओं को शिक्षा के प्रति प्रोत्साहित करना और समाज में सकारात्मक सोच को आगे बढ़ाना रहा।

Indian Public School

कार्यक्रम के दौरान विद्यालय परिसर में सादगी और आत्मीयता का माहौल देखने को मिला। छात्राओं के चेहरों पर खुशी साफ झलक रही थी। ग्रामीणों और शिक्षकों ने इस कदम की खुले दिल से सराहना की।

Doon valley school

गौरतलब है कि यह पहला मौका नहीं है जब प्रदीप चौहान ने समाज के साथ अपनी खुशियां साझा की हों। इससे पहले भी वे अपनी बेटी के जन्मदिन पर स्कूल के छात्र-छात्राओं को पेन और पेंसिल वितरित कर चुके हैं।

प्रदीप चौहान का मानना है कि व्यक्तिगत खुशी तभी सार्थक होती है, जब उसका लाभ समाज के जरूरतमंद वर्ग तक पहुंचे। इसी सोच के साथ वे लंबे समय से सामाजिक कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाते आ रहे हैं।

JPERC 2025

शिक्षा के साथ-साथ प्रदीप चौहान मजदूर, श्रमिक और गरीब वर्ग की आवाज भी लगातार बनते रहे हैं। ट्रैक्टर चालकों की समस्याएं हों या उद्योगों में काम करने वाले मजदूरों के अधिकार, वे हर मुद्दे पर मजबूती से खड़े नजर आते हैं।

हाल ही में एक निजी फैक्ट्री द्वारा महिलाओं को अचानक काम से हटाने के मामले में भी प्रदीप चौहान ने पीड़ित महिलाओं का साथ दिया। उन्होंने महिलाओं को एसडीएम पांवटा साहिब तक पहुंचाकर प्रशासन के सामने उनकी समस्या रखवाई।

उनकी इस पहल से न केवल पीड़ित महिलाओं को उम्मीद मिली, बल्कि समाज में जागरूकता का संदेश भी गया। क्षेत्र में लोग उन्हें एक संवेदनशील और संघर्षशील समाज सेवक के रूप में देखते हैं।

समाज के हर वर्ग के लिए समर्पित प्रदीप चौहान आज पांवटा साहिब क्षेत्र में एक प्रेरणास्रोत बन चुके हैं। उनका यह कदम साबित करता है कि सच्ची सेवा छोटे कार्यों से भी बड़े बदलाव ला सकती है।

Written by Newsghat Desk

अकेलेपन से जंग लड़ते 76 वर्षीय जगत थापा, संकल्प सोसायटी बनी सहारा; पांवटा सिविल अस्पताल में कैंसर का इलाज जारी

अकेलेपन से जंग लड़ते 76 वर्षीय जगत थापा, संकल्प सोसायटी बनी सहारा; पांवटा सिविल अस्पताल में कैंसर का इलाज जारी

घने कोहरे को लेकर अलर्ट: पांवटा साहिब प्रशासन ने जारी की जनहित सलाह

घने कोहरे को लेकर अलर्ट: पांवटा साहिब प्रशासन ने जारी की जनहित सलाह