हिमाचल में पानी के टैंक में डूबने से साढ़े तीन साल के मासूम की मौ**त, परिवार में पसरा मातम
बिलासपुर (हिमाचल प्रदेश): हिमाचल प्रदेश के बिलासपुर जिले से एक बेहद दुखद घटना सामने आई है। झंडूता क्षेत्र के कसेह गांव में पानी के टैंक में डूबने से साढ़े तीन साल के बच्चे की जान चली गई। हादसे के बाद परिवार में मातम पसरा हुआ है। अपने छोटे से बच्चे को खोने के गम में परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
मां और दादी के साथ खेत की ओर गया था बच्चा
मिली जानकारी के अनुसार, मृतक बच्चे की पहचान कसेह गांव निवासी जितेंद्र कुमार के बेटे विनायक के रूप में हुई है। परिवार में उसे प्यार से गणी कहकर बुलाया जाता था। बताया जा रहा है कि विनायक अपनी मां और दादी के साथ खेत की ओर गया हुआ था।

इसी दौरान खेत के पास बने पानी के स्टोरेज टैंक में वह डूब गया। घटना का पता चलते ही परिजन घबराकर बच्चे को तुरंत उपचार के लिए बिलासपुर स्थित एम्स अस्पताल लेकर पहुंचे। हालांकि, वहां मौजूद चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।
हादसे के बाद परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़

महज साढ़े तीन साल के बच्चे की अचानक मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। जिस घर में बच्चे की मासूम शरारतों से रौनक रहती थी, वहां अब मातम छाया हुआ है। घटना की जानकारी मिलने के बाद गांव में भी शोक का माहौल है।
पुलिस ने शुरू की मामले की जांच
हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी। पुलिस ने बच्चे के शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। अब पुलिस घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
बिलासपुर के पुलिस अधीक्षक अभिषेक धीमान ने घटना की पुष्टि की है।
यह हादसा एक बार फिर घरों और खेतों के आसपास बने खुले पानी के टैंकों की सुरक्षा पर सवाल खड़े करता है। छोटे बच्चों की सुरक्षा के लिए ऐसे टैंकों को ढककर रखना और उनके आसपास उचित इंतजाम करना बेहद जरूरी है, ताकि भविष्य में इस तरह की दुखद घटनाओं को रोका जा सके।


