in ,

HP News: हिमाचल प्रदेश में अब फल सब्जियों में अधिक रसायनों का उपयोग करने वालों की खैर नहीं! प्रदेश में पहली बार भरे जाएंगे फलों और सब्जियों के सैंपल

HP News: हिमाचल प्रदेश में अब फल सब्जियों में अधिक रसायनों का उपयोग करने वालों की खैर नहीं! प्रदेश में पहली बार भरे जाएंगे फलों और सब्जियों के सैंपल

HP News: हिमाचल प्रदेश में अब फल सब्जियों में अधिक रसायनों का उपयोग करने वालों की खैर नहीं! प्रदेश में पहली बार भरे जाएंगे फलों और सब्जियों के सैंपल
HP News: हिमाचल प्रदेश में अब फल सब्जियों में अधिक रसायनों का उपयोग करने वालों की खैर नहीं! प्रदेश में पहली बार भरे जाएंगे फलों और सब्जियों के सैंपल

HP News: हिमाचल प्रदेश में अब फल सब्जियों में अधिक रसायनों का उपयोग करने वालों की खैर नहीं! प्रदेश में पहली बार भरे जाएंगे फलों और सब्जियों के सैंपल

 

Admission notice

HP News: हिमाचल प्रदेश फलों और सब्जियों के सैंपल भरने की पहल कर रहा है। खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकारी, खेत से बाजार तक के मार्ग पर फल और सब्जियों के सैंपल भरेंगे। यह शुरुवात प्रदेश के मंडी जिला से को जा रही है।

HP News: हिमाचल प्रदेश में अब फल सब्जियों में अधिक रसायनों का उपयोग करने वालों की खैर नहीं! प्रदेश में पहली बार भरे जाएंगे फलों और सब्जियों के सैंपल

JPREC-June
JPREC-June

इन सैंपलों को जांचने के लिए मुंबई भेजा जाएगा, और जांच की रिपोर्ट अब 14 दिनों में उपलब्ध हो जाएगी, पहले के मुकाबले जहां यह 40 दिन लगते थे।

फल और सब्जियों में अनुचित रसायन और कीटनाशक का उपयोग बढ़ रहा है, जिससे वे बाजार में आकर्षक दिखते हैं, लेकिन स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकते हैं।

देश दुनिया और वित्तीय जगत के ताजा समाचार जानने के लिए न्यूज़ घाट व्हाट्सएप समूह से जुड़े। नीचे दिए लिंक पर अभी क्लिक करें

Mehar Electrical
Mehar Electrical

इसके बावजूद, जैविक खेती के प्रति रुझान भी बढ़ रहा है, और जैविक उत्पाद तेजी से बिक रहे हैं।

हिमाचल प्रदेश में अब कोल्ड चेन की पूरी व्यवस्था है, जिससे सैंपलों को जांच के लिए भेजने और सुरक्षित रखने की क्षमता है।

अब यदि कोई व्यक्ति दूसरी लैब से सैंपल जांचने की इच्छा व्यक्त करता है, तो प्रीजर्व किए गए सैंपल को जांच के लिए भेजा जा सकता है।

एफएसएसएआई (भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण) ने विशेष लैब को इस जांच के लिए अधिकृत किया है।

इन लैब रिपोर्ट से पता चलेगा कि फल और सब्जियों के सैंपल में कीटनाशक और रसायन की कितनी मात्रा है। अगर इनकी मात्रा एफएसएसएआई के मानकों से अधिक पाई जाती है, तो उचित कार्रवाई की जाएगी।

देश दुनिया और वित्तीय जगत के ताजा समाचार जानने के लिए न्यूज़ घाट व्हाट्सएप समूह से जुड़े। नीचे दिए लिंक पर अभी क्लिक करें

Written by newsghat

Paonta Sahib: गौवंश हत्या को लेकर सड़कों पर उतरे हिंदूवादी संगठन, DSP ने दिया 24 घंटे के गिरफ्तारी का आश्वासन

Child Health In Himachal: हिमाचल में बच्चों की हड्डियां कमजोर होने के कारण बढ़ा फैक्चर का खतरा! एक अहम रिपोर्ट में हुआ खुलासा, जानें क्या है कारण

Child Health In Himachal: हिमाचल में बच्चों की हड्डियां कमजोर होने के कारण बढ़ा फैक्चर का खतरा! एक अहम रिपोर्ट में हुआ खुलासा, जानें क्या है कारण