एवरेस्ट विजेता कृतिका शर्मा सहित कई महिलाओं को सीएम सुक्खू ने किया सम्मानित, महिला दिवस पर बांटी प्रोत्साहन राशि

अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने सिरमौर जिले के नाहन में आयोजित कार्यक्रम में विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाली महिलाओं को सम्मानित किया। कार्यक्रम में कई लाभार्थियों को सरकारी योजनाओं के तहत आर्थिक सहायता भी प्रदान की गई।

नाहन में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने महिलाओं की उपलब्धियों की सराहना करते हुए उन्हें सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि महिलाओं के सशक्तिकरण के बिना समाज और प्रदेश का समग्र विकास संभव नहीं है।

इस अवसर पर सिरमौर की बेटी और माउंट एवरेस्ट फतह करने वाली संगड़ाह तहसील के गांव गत्ताधार की कृतिका शर्मा को विशेष रूप से सम्मानित किया गया। उनके साहस और उपलब्धि की मुख्यमंत्री ने खुलकर प्रशंसा की।


मुख्यमंत्री ने सिरमौर की उपायुक्त प्रियंका वर्मा को जिले में महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में किए गए सराहनीय कार्यों के लिए सम्मानित किया। इसके अलावा राजगढ़ क्षेत्र के गांव पझोता की मेघा सिंह कंवर को हिमाचल प्रदेश प्रशासनिक परीक्षा-2025 में पहला स्थान प्राप्त करने पर सम्मान मिला।
हिमाचल प्रदेश महिला विकास प्रोत्साहन योजना के अंतर्गत सोलन जिले की शांति जैसवाल, बिलासपुर की निर्मला धीमान, कांगड़ा के इंदौरा की गृहिणी स्वयं स्वरोजगार संघ तथा ऊना की निशू लता को उत्कृष्ट कार्यों के लिए एक-एक लाख रुपये देकर सम्मानित किया गया।


कार्यक्रम में विभिन्न सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के लाभार्थियों को भी सहायता राशि प्रदान की गई। मुख्यमंत्री सुख आश्रय योजना के तहत शिखा, सिमरन कौर, शिया और प्रेम लता को विवाह अनुदान के रूप में 60-60 हजार रुपये दिए गए।
इसी योजना के अंतर्गत महबूब हसन और रवि को मकान निर्माण के लिए दूसरी किश्त के रूप में एक-एक लाख रुपये की राशि प्रदान की गई।
मुख्यमंत्री शगुन योजना के तहत संतोष देवी, शीला देवी और नीमो देवी को 31-31 हजार रुपये दिए गए। वहीं विधवा पुनर्विवाह योजना के अंतर्गत नसिफा, नितेश और विधा देवी को दो-दो लाख रुपये की सहायता दी गई।
मुख्यमंत्री कन्यादान योजना के तहत बबीता, सुनीता देवी और अनीता देवी को 51-51 हजार रुपये प्रदान किए गए।
इसके अतिरिक्त प्रदेश के विभिन्न जिलों की आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को भी बेहतर सेवाओं के लिए सम्मानित किया गया। प्रत्येक चयनित आंगनवाड़ी कार्यकर्ता को पांच-पांच हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि प्रदान की गई।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार महिलाओं के आर्थिक और सामाजिक सशक्तिकरण के लिए निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने महिलाओं से सरकारी योजनाओं का लाभ उठाकर आत्मनिर्भर बनने का आह्वान भी किया।



