हिमाचल के डॉक्टरों की बड़ी मांग! पदोन्नति नहीं तो मिले समयबद्ध कैरियर प्रोग्रेशन, नई कार्यकारिणी ने सरकार से की अपील

हिमाचल प्रदेश मेडिकल ऑफिसर्स एसोसिएशन (HMOA) की 26वीं जनरल हाउस बैठक और वर्ष 2026 के राज्य कार्यकारिणी चुनाव शिमला में संपन्न हुए। इस दौरान प्रदेश के विभिन्न जिलों से पहुंचे मेडिकल अधिकारियों ने संगठन को मजबूत बनाने, डॉक्टरों के सेवा हितों और स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने जैसे कई महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की।
बैठक में मेडिकल अधिकारियों के कैरियर से जुड़ा मुद्दा प्रमुखता से उठाया गया। एसोसिएशन के उपाध्यक्ष डॉ. पीयूष तिवारी ने कहा कि स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग में पदोन्नति के अवसर काफी सीमित हैं। कई डॉक्टर लंबे समय तक एक ही पद पर कार्य करते रहते हैं, जिससे उनके मनोबल और पेशेवर विकास पर असर पड़ता है।
उन्होंने सुझाव दिया कि यदि सभी अधिकारियों को नियमित पदोन्नति देना संभव नहीं है, तो तय समय अवधि पूरी होने पर उन्हें कैरियर प्रोग्रेशन और वित्तीय लाभ दिए जाएं। उनका कहना था कि अन्य राज्यों की तरह हिमाचल में भी समयबद्ध कैरियर प्रोग्रेशन की व्यवस्था लागू की जानी चाहिए, ताकि मेडिकल अधिकारियों को उनकी सेवा के अनुसार उचित सम्मान और अवसर मिल सकें।


एसोसिएशन ने प्रदेश सरकार से इस मांग पर गंभीरता से विचार करने की अपील की। संगठन का कहना है कि ऐसी व्यवस्था लागू होने से डॉक्टरों का उत्साह बढ़ेगा, विशेषज्ञ सेवाओं को मजबूती मिलेगी और प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाएं भी अधिक प्रभावी बनेंगी।
बैठक के दौरान वर्ष 2026 से 2029 तक के लिए नई राज्य कार्यकारिणी का भी चुनाव किया गया। इसमें डॉ. अंकुश ठाकुर को अध्यक्ष, डॉ. विकास ठाकुर को महासचिव और डॉ. सुन्नेश चौहान को कोषाध्यक्ष चुना गया। इसके अलावा विभिन्न पदों पर अन्य मेडिकल अधिकारियों को भी जिम्मेदारियां सौंपी गईं।

नवनिर्वाचित कार्यकारिणी ने सभी मेडिकल अधिकारियों का आभार व्यक्त करते हुए भरोसा दिलाया कि संगठन भविष्य में डॉक्टरों के सेवा हितों, समयबद्ध कैरियर प्रोग्रेशन, कार्यस्थल सुरक्षा, सम्मान और बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य करेगा। संगठन ने कहा कि प्रदेश के मरीजों को बेहतर चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए डॉक्टरों की समस्याओं का समाधान भी उतना ही आवश्यक है।

