पांवटा साहिब के होला मोहल्ला मेले को मिलेगा राज्य स्तरीय दर्जा? सरकार से की गई बड़ी मांग…..

पांवटा साहिब: गुरुद्वारा श्री पांवटा साहिब प्रबंधक कमेटी ने हिमाचल प्रदेश सरकार से पांवटा साहिब में आयोजित होने वाले प्रसिद्ध होला मोहल्ला मेले को राज्य स्तरीय मेले का दर्जा देने की मांग की है। इस संबंध में कमेटी ने उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान को ज्ञापन सौंपकर अपनी मांग सरकार के सामने रखी।
कमेटी का कहना है कि होला मोहल्ला मेला केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि क्षेत्र की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक पहचान का महत्वपूर्ण हिस्सा है। हर वर्ष इस मेले में देश के विभिन्न राज्यों सहित विदेशों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु और पर्यटक पहुंचते हैं। मेले के दौरान धार्मिक कार्यक्रमों के साथ-साथ कई सांस्कृतिक गतिविधियां भी आयोजित की जाती हैं, जिससे पांवटा साहिब की विरासत को नई पहचान मिलती है।
ज्ञापन में बताया गया कि पांवटा साहिब का सिख इतिहास में विशेष स्थान है। दसवें सिख गुरु, श्री गुरु गोबिंद सिंह जी ने अपने जीवन का महत्वपूर्ण समय यहां बिताया था। इसी पवित्र भूमि पर कई ऐतिहासिक घटनाएं हुईं, जिनका उल्लेख आज भी श्रद्धा और सम्मान के साथ किया जाता है। यह स्थान सिख समुदाय के लिए आस्था का प्रमुख केंद्र माना जाता है।


प्रबंधक कमेटी का कहना है कि ऐतिहासिक महत्व के कारण होला मोहल्ला मेला जिला सिरमौर के प्रमुख धार्मिक आयोजनों में शामिल है। यदि इसे राज्य स्तरीय मेले का दर्जा मिलता है तो इससे पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा, स्थानीय व्यापार को लाभ होगा और क्षेत्र की सांस्कृतिक पहचान को भी नई मजबूती मिलेगी।
कमेटी ने सरकार से आग्रह किया है कि मेले के महत्व को ध्यान में रखते हुए इस मांग पर सकारात्मक निर्णय लिया जाए। साथ ही उम्मीद जताई गई है कि सरकार भविष्य में इस आयोजन को और अधिक सुविधाएं एवं संसाधन उपलब्ध कराने की दिशा में कदम उठाएगी।

स्थानीय लोगों का भी मानना है कि राज्य स्तरीय दर्जा मिलने से पांवटा साहिब राष्ट्रीय स्तर पर और अधिक पहचान बना सकेगा तथा धार्मिक पर्यटन को नई गति मिलेगी।

