in

लखीमपुर सामने आई रिपोर्ट : पता चल गया कौन, कैसे मरा ?

लखीमपुर सामने आई रिपोर्ट : पता चल गया कौन, कैसे मरा ?

लखीमपुर सामने आई रिपोर्ट : पता चल गया कौन, कैसे मरा ?

TROWS

लखीमपुर हिसाब है अटकलों के बीच कई बातें स्पष्ट हो गई है, पहली बात यह स्पष्ट है कि, आंदोलनकारियों पर गाड़ी चढ़ाई गई क्योंकि सोशल मीडिया पर आए वीडियो में एकदम स्पष्ट है।

दूसरी बात यह भी स्पष्ट है कि, किसानों ने भी लाठी डंडों से कार्यकर्ताओं को पीटा और एक बात और भी स्पष्ट है कि, मंत्री महोदय के द्वारा किसानों को अंगूठा दिखाकर उकसाया गया।

इसी बीच लाशों की पोस्टमार्टम रिपोर्ट सामने आई है जिसमें सभी मृतकों की मौत की वजह बताई गई है और यह कहा गया है किसी की भी मौत गोली लगने से नहीं हुई है।

Doon valley school

कैसे मरे किसान ?

पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार किसी की भी मौत गोली लगने से नहीं हुई है। अगर बात किसानों के की जाए तो लो लवप्रीत सिंह की मौत घिसटने, शॉक और हेमरेंज की वजह से हुई गुरविंदर सिंह की मौत घिसटने और चोट लगने की वजह से हुई, छत्र सिंह की मौत शॉक, हेमरेज और कोमा की वजह से हुई।

अब जिन चोटों ने इनकी जान ले ली वह चोटे कितना गंभीर होंगी यह आप अंदाजा लगा सकते हैं।

JPERC 2025

कैसे मरे बीजेपी नेता ?

अब अगर बात बीजेपी नेताओं और कार्यकर्ताओं की करें तो बीजेपी नेता शुभम मिश्रा की मौत लाठी-डंडों से पीटे जाने की वजह से हुई, अजय मिश्रा के ड्राइवर हरिओम मिश्रा की मौत भी लाठी डंडों से पीटने और शॉक तथा हेमरेज की वजह से हुई, वहीं कार्यकर्ता श्याम सुंदर की मौत की वजह भी लाठी डंडे से पिटाई बताई जा रही है।

इसके अतिरिक्त एक स्थानीय पत्रकार रमन कश्यप की मौत भी शॉक और हेमरेज से हुई है उसके भी शरीर पर पिटाई की गंभीर निशान है।

बड़ा सवाल यह है कि पत्रकार को किसने मारा आंदोलनरत किसानों ने या भाजपा के कार्यकर्ताओं ने ?

Written by newsghat

क्यों ठप रही फेसबुक, इंस्टाग्राम, व्हाट्सएप की सेवाएं

क्यों ठप रही फेसबुक, इंस्टाग्राम, व्हाट्सएप की सेवाएं

75000 लाभार्थियों को मिलेगी आवास की चाभी..

75000 लाभार्थियों को मिलेगी आवास की चाभी..