Himachal Pradesh: डिलीवरी के बाद महिला की मौत से भड़का गुस्सा, गेट तोड़ अस्पताल में घुसी भीड़, स्वास्थ्य व्यवस्था पर उठे बड़े सवाल

कुल्लू में प्रसूता महिला की मौत के बाद लोगों का गुस्सा सोमवार को सड़कों पर दिखाई दिया। बड़ी संख्या में ग्रामीणों और परिजनों ने ढालपुर में प्रदर्शन करते हुए स्वास्थ्य विभाग के खिलाफ नारेबाजी की और मामले में जिम्मेदार लोगों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की।
प्रदर्शनकारियों ने पहले ढालपुर चौक पर स्वास्थ्य मंत्री का पुतला फूंका और इसके बाद क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू की ओर मार्च किया। अस्पताल के मुख्य गेट को सुरक्षा के लिहाज से बंद कर दिया गया था, लेकिन आक्रोशित भीड़ ने गेट तोड़कर परिसर में प्रवेश कर लिया। इसके बाद लोगों ने अस्पताल प्रशासन के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया और चिकित्सा अधीक्षक के कार्यालय का घेराव कर जवाब मांगा। मौके पर पुलिस बल तैनात रहा और स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास किया गया।
जानकारी के अनुसार, मंडी जिले के बालीचौकी क्षेत्र की रहने वाली 23 वर्षीय मंजू शर्मा को 20 जून को प्रसव के लिए क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू में भर्ती कराया गया था। परिजनों का आरोप है कि ऑपरेशन के बाद महिला की तबीयत बिगड़ने लगी, लेकिन समय पर उचित इलाज और निगरानी नहीं मिलने से 24 घंटे के भीतर उसकी मौत हो गई।


मृतका के परिजनों का कहना है कि इलाज में लापरवाही के कारण उनकी बेटी की जान गई है। उनका आरोप है कि घटना के कई दिन बीत जाने के बावजूद अब तक किसी जिम्मेदार अधिकारी या कर्मचारी के खिलाफ ठोस कार्रवाई नहीं की गई है।
प्रदर्शन में शामिल सामाजिक कार्यकर्ताओं और ग्रामीणों ने भी स्वास्थ्य सेवाओं पर सवाल उठाते हुए कहा कि यदि दोषियों के खिलाफ जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन और तेज किया जाएगा। उनका कहना है कि यह सिर्फ एक परिवार की लड़ाई नहीं, बल्कि बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं की मांग का मुद्दा भी है।

फिलहाल प्रशासन ने मामले की जांच की बात कही है। वहीं, परिजन और ग्रामीण निष्पक्ष जांच के साथ दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग पर अड़े हुए हैं।

