हिमाचल प्रदेश में मौसम बदलेगा करवट, 10 जिलों में आंधी-तूफान और ओलावृष्टि का येलो अलर्ट
हिमाचल प्रदेश में मौसम एक बार फिर बदलने वाला है। मौसम विभाग ने गुरुवार को प्रदेश के 10 जिलों में आंधी-तूफान, बिजली चमकने और ओलावृष्टि की आशंका जताते हुए येलो अलर्ट जारी किया है। वहीं, ऊंचाई वाले क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश और बर्फबारी होने की संभावना है। ऐसे में लोगों को मौसम को लेकर सतर्क रहने की जरूरत है।
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, प्रदेश के कुछ हिस्सों में 17 अक्तूबर तक रुक-रुककर बारिश और बर्फबारी हो सकती है। इसके बाद 18 अक्तूबर से मौसम साफ रहने की उम्मीद है। मौसम में होने वाले इस बदलाव का असर पहाड़ी क्षेत्रों में अधिक देखने को मिल सकता है।
बीते 24 घंटे ज्यादातर क्षेत्रों में मौसम शुष्क

पिछले 24 घंटों के दौरान हिमाचल प्रदेश के अधिकांश इलाकों में मौसम साफ और शुष्क बना रहा। हालांकि, कुछ स्थानों पर हल्की बारिश भी दर्ज की गई। सराहन में इस दौरान 1 मिलीमीटर वर्षा रिकॉर्ड की गई।
वहीं, प्रदेश के ठंडे इलाकों में तापमान में गिरावट का असर भी दिखाई दे रहा है। लाहौल-स्पीति जिले के कुकुमसेरी में न्यूनतम तापमान 0.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो प्रदेश में सबसे कम रहा।

अक्टूबर में बारिश की भारी कमी
इस महीने हिमाचल प्रदेश में बारिश की कमी चिंता का विषय बनी हुई है। मौसम विभाग के वर्षा संबंधी आंकड़ों के अनुसार, बिलासपुर, चंबा, हमीरपुर, कांगड़ा, किन्नौर, कुल्लू, लाहौल-स्पीति, मंडी, सिरमौर, सोलन और ऊना में सामान्य के मुकाबले बारिश में 100 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई है।
शिमला जिले में भी बारिश सामान्य से काफी कम रही। यहां अब तक 0.1 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई, जबकि सामान्य बारिश का आंकड़ा 1 मिलीमीटर है। इसके चलते शिमला में वर्षा की कमी 93 प्रतिशत रही।
मौसम को देखते हुए सतर्क रहें लोग
आंधी-तूफान, बिजली गिरने और ओलावृष्टि की आशंका को देखते हुए लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है। पहाड़ी क्षेत्रों में जाने वाले लोगों को मौसम की स्थिति की जानकारी लेकर ही यात्रा करनी चाहिए। किसानों और बागवानों को भी मौसम विभाग के ताजा पूर्वानुमान पर नजर रखनी चाहिए।


