हिमाचल में स्मार्ट मीटर का काम तेज़, 84% से ज्यादा मीटर बदले! विरोध पर सख्ती की चेतावनी

हिमाचल प्रदेश में बिजली व्यवस्था को आधुनिक बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया जा रहा है। पुराने बिजली मीटरों को तेजी से स्मार्ट मीटरों से बदला जा रहा है। विभाग ने लोगों से सहयोग की अपील की है।
हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड के अनुसार राज्यभर में मीटर बदलने का काम तेजी से जारी है। अब तक कुल 9.11 लाख मीटरों में से करीब 7.71 लाख स्मार्ट मीटर लगाए जा चुके हैं। यह कुल लक्ष्य का लगभग 84.63 प्रतिशत है।
विभाग का कहना है कि यह प्रक्रिया सरकारी आदेशों के तहत चलाई जा रही है। इसका उद्देश्य बिजली उपभोग को अधिक पारदर्शी और सटीक बनाना है। स्मार्ट मीटर से रीडिंग में गलती की संभावना कम होती है।


कुछ जगहों पर उपभोक्ताओं द्वारा स्मार्ट मीटर का विरोध भी सामने आया है। कई लोग यह मान रहे हैं कि इन मीटरों से बिजली बिल बढ़ रहा है। विभाग ने इस धारणा को पूरी तरह गलत बताया है।
अधिकारियों के अनुसार स्मार्ट मीटर वास्तविक खपत के आधार पर बिल बनाते हैं। इससे गलत बिलिंग की समस्या कम होती है। यदि किसी उपभोक्ता को बिल में गड़बड़ी लगती है, तो वह संबंधित कार्यालय में शिकायत दर्ज कर सकता है।

विभाग ने साफ चेतावनी दी है कि मीटर बदलने के काम में बाधा डालने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी। नियमों के तहत बिजली कनेक्शन काटा जा सकता है और कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है।
बोर्ड ने लोगों से अपील की है कि वे इस प्रक्रिया में सहयोग करें। समय पर स्मार्ट मीटर लगना जरूरी है ताकि बिजली व्यवस्था को बेहतर और पारदर्शी बनाया जा सके।
