बेटी वंशिका की पुकार पर पसीजा CM सुक्खू का दिल, एक ही दिन में मां के तबादले के आदेश जारी
चंबा: हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने एक छोटी बच्ची की भावुक अपील पर तुरंत कार्रवाई करते हुए उसका इंतजार खत्म कर दिया। चुराह दौरे के दौरान पांचवीं कक्षा में पढ़ने वाली वंशिका ठाकुर ने मुख्यमंत्री से अपनी मां का तबादला घर के पास करवाने की गुहार लगाई थी। बच्ची की बात सुनकर मुख्यमंत्री ने मामले को गंभीरता से लिया और महज एक दिन के भीतर तबादले के आदेश जारी हो गए।
जानकारी के अनुसार, मुख्यमंत्री जब चुराह दौरे पर थे, उसी दौरान छात्रा वंशिका ठाकुर उनसे मिली। इस दौरान अपनी मां से दूर रहने का दर्द बताते हुए वह भावुक हो गई और रोते हुए मुख्यमंत्री से मां को घर के पास तैनात करने की मांग करने लगी।
वंशिका ने मुख्यमंत्री को बताया कि उसकी मां नारू देवी जेबीटी अध्यापिका हैं। वह पिछले तीन वर्षों से शिमला जिले के नेरवा स्थित राजकीय प्राथमिक पाठशाला सोबल में सेवाएं दे रही हैं। घर से लगभग 700 किलोमीटर दूर नौकरी होने के कारण परिवार को लंबे समय से कई परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

बच्ची ने बताया कि मां के दूर रहने से परिवार के साथ-साथ उसे भी काफी मुश्किलें झेलनी पड़ती हैं। अपनी बेटी से दूर रहकर नौकरी कर रही मां की परेशानी भी परिवार के लिए चिंता का विषय बनी हुई थी।
वंशिका की इस भावुक अपील पर मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने तुरंत संज्ञान लिया और संबंधित विभाग को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।

इसके बाद शिक्षा निदेशालय ने 5 नवंबर 2026 को पांच प्रतिशत नीति के तहत नारू देवी के तबादले के आदेश जारी कर दिए। उन्हें राजकीय प्राथमिक पाठशाला सोबल, नेरवा से राजकीय प्राथमिक पाठशाला चन्द्रू, तीसा (चंबा) में तैनात किया गया है।
इस फैसले से वंशिका और उसकी मां के बीच पिछले तीन वर्षों से बनी दूरी खत्म होने की उम्मीद है। मुख्यमंत्री की इस त्वरित कार्रवाई से मां-बेटी को बड़ी राहत मिली है।


