Kullu: मंदिर से लौटते समय पहाड़ी से गिरी चट्टानें, कार नाले में गिरी… पति-पत्नी की दर्दनाक मौ*त, बेटी जिंदगी की जंग लड़ रही

कुल्लू: हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले के आनी उपमंडल में गुरुवार को एक बेहद दर्दनाक सड़क हादसा हुआ। मंदिर से दर्शन कर लौट रहे एक परिवार की कार अचानक पहाड़ी से गिरी बड़ी चट्टानों की चपेट में आ गई। जोरदार टक्कर के बाद कार सड़क से नीचे नाले में जा गिरी। हादसा इतना भीषण था कि वाहन पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। इस दुर्घटना में पति-पत्नी की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उनकी बेटी गंभीर रूप से घायल हो गई।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. बृज ठाकुर अपनी पत्नी सुनीता और बेटी के साथ खुढीजल मंदिर में दर्शन कर वापस लौट रहे थे। सुबह करीब 10:45 बजे जब उनकी कार रानाबाग-देऊरी मार्ग से गुजर रही थी, तभी अचानक पहाड़ी का एक हिस्सा दरक गया। देखते ही देखते भारी-भरकम चट्टानें सीधे चलती कार पर आ गिरीं।
चट्टानों की जोरदार टक्कर से चालक वाहन पर नियंत्रण नहीं रख सका और कार सड़क से फिसलकर नीचे नाले में जा गिरी। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। आसपास मौजूद लोगों ने तुरंत राहत कार्य शुरू किया और प्रशासन को सूचना दी।


सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन और राहत-बचाव दल मौके पर पहुंच गया। टीम ने स्थानीय लोगों की मदद से कार में फंसे लोगों को बाहर निकालने का प्रयास किया। लेकिन डॉ. बृज ठाकुर और उनकी पत्नी गंभीर चोटों के कारण दम तोड़ चुके थे। दोनों के शवों को कब्जे में लेकर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
वहीं, कार में मौजूद उनकी बेटी गंभीर रूप से घायल मिली। उसे तत्काल आनी के नागरिक अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों की निगरानी में उसका उपचार जारी है। उसकी हालत को देखते हुए जरूरत पड़ने पर उच्च स्वास्थ्य केंद्र रेफर किए जाने की संभावना भी जताई जा रही है।

हादसे की खबर फैलते ही पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। स्थानीय लोगों ने घटना पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार हो रहे भूस्खलन और चट्टानें गिरने की घटनाओं पर चिंता जताई है। लोगों का कहना है कि बरसात के मौसम में ऐसे संवेदनशील मार्गों पर अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था और नियमित निगरानी की आवश्यकता है, ताकि भविष्य में इस तरह की दर्दनाक घटनाओं को रोका जा सके।
पुलिस ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि हादसे के कारणों की जांच की जा रही है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि बारिश के दौरान पहाड़ी और भूस्खलन संभावित मार्गों पर यात्रा करते समय पूरी सावधानी बरतें और मौसम की चेतावनियों का पालन करें।


